ACE – class 2

Friday 16 Sept 2011, ACE, 12.30 – 14.00

————

Hello to everyone. I had a second class with you all    on Friday, a good experience though i felt the session  was a bit heavy, probably because of the time slot or  to some other reasons.

well, I am happy as some of you, if not to say, many,  are interested in taking the help of IT in your daily  activities related to Hindi.

इस मॉड्यूल में आप को क्या पढ़ाऊँ, शेष अन्य कक्षाओं की  तुलना में कुछ कठिन है, फिर भी एक पाठ्य-योजना तैयार है  जिसका पालन करना होगा.

इस बार की कक्षा में मैंने आपको “निबंध” का सामान्य अर्थ समझाया. इसका महत्त्व दिन-प्रतिदिन और अधिक बढ़ाता  जा रहा है विशेषकर एक ऐसे परिवेश में जहाँ हमारी अधिकतर कार्य-प्रणालियाँ बौद्धिकता के आधार पर ही संचालित हो रही है. निबन्ध के संदर्भ में जो एक नई बात आपके सामने आई, वह यह कि लेखक के व्यक्तित्त्व व उसके व्यक्ति-तत्त्व से निबंध की शैलियाँ निर्मित होती हैं. कहा ज सकता  है कि निबंध में निबंधकार के व्यक्तित्व की झलक मिलती है. इसी आधार पर निबंध के तत्त्व व विशेषताएँ समझाई गई. इनके अंतर्गत विचारों, संदर्भ, शब्दों, पदों आदि में सुसंबंद्धता, विचारों व तार्किक क्रियाओं में गंभीरता, व्यवस्था, अनुकूल भाषा व भाषिक प्रयोग तथा शैली, विचारों में तारत्म्य, प्रस्तुतीकरण में प्रवाहमयता, वैयक्तिकता, आदि.

निबंध के तीन चरणों को भी संक्षेप में प्रस्तुत किया गया – प्रस्तावना, अनुक्छेदों में विस्तार व उपसंहार.

शेष आप अपनी ओर से कुछ रिसर्च कीजिए. निबंध के संदर्भ में, निबंध की अन्य विशेषताएँ, निबंध-साहित्य का उदभव और विकास (भारतीय और पाश्चात्य संदर्भ), निबंध का प्रारूप आदि.

In our next class, we shall have a working session, probably distributing the class in groups and discussing on certain pertinent topics related to our societal realities in a globalised context. we shall discuss and analyse different facets of such topics, kind of a brainstorming session where i am sure that your analytical and thinking skills will be explored by ourselves!

till then,

राम्चन्द्र तिवारी की”हिंदी गद्य” पुस्तक देखें अथवा हिंदी साहित्य के इतिहास का कोई भी ग्रंथ पढ़ें.

आपकी प्रतिक्रियाओं की प्रतीक्षा में,

सादर,

विनय

About Vinaye Goodary
senior lecturer in Hindi at the Mahatma Gandhi Institute, moka, mauritius. innovative in teaching using ICT, blogs and multimedia resources. interest in arts, culture, history and literature. शेष तो मैं ही मैं हूँ... स्वागत है.

18 Responses to ACE – class 2

  1. Namaste guruji! Aapki kaksha kafi rochak thi! Nibandh ke bare mein kuch nayi batein janne ko mili! Guruji apse ek request hai agar december tak assignment bhejne ka samay milta to kyunki kuch karanvash main internet nahin laga sakti aur mobile se comments bhej rahi houn! Dhanyavad!

  2. S.Envadoo says:

    निबन्ध पर आधारित आपकी कक्शा बहुत रुचिकर रहा. मुझे विश्वास है कि बच्चे को निबन्ध लेखन सिखाते समय यह मेरे लिये बहुत ही सहयक सिध होगा

  3. madvi says:

    achha lecture tha

  4. rajni jhurry says:

    सादर नमन गु्रू जी,
    आप की 16.09.11 की दूसरी कक्षा भी सराहनीय रही…हालांकि इन्तर्नेत वाली कक्षा मेरे अनुसार ज्यादा रोचक थी। निबन्ध तो हमने कई लिखे हैं परन्तु निबन्ध के तत्वों के बारे में सही जानकारी आप की कक्षा से प्राप्त हुई। पूर्णाशा है कि आप की दी गई शिक्षा को मैं अपने शिक्षणचर्या में ढालने की कोशिश अवश्य करूँगी।

    सचमुच सीखने की कोई सीमा नहीं होती।आज भी नई चीज़ें सीखने को मिल रही हैं।अपनी ओर से अब कुछ रिसर्च करूँगी। आप की बतायी पुस्तक में निबंध के संदर्भ में, निबंध की अन्य विशेषताएँ, निबंध-साहित्य का उदभव और विकास (भारतीय और पाश्चात्य संदर्भ), निबंध का प्रारूप आदि के बारे में अवश्य खोज करूँगी।

    धन्यवाद
    राजस्वरी झरी

  5. Boodhoo Asha says:

    Namaste Guruji,

    Mere liye apki kaksha labhdayak sidh hui kyunki mujhe lagta hein ki nibandh to har koi likh sakta hein parantu nibandh ke tatwon ko dhyan mein rakte hue nibandh likhna saral kaariyah nahin hein. Apne hamein nibandh ke vibhin tatwon ko vistaar se samjhaya. In tatwon ko adhik samajhne ke liye mein khojkariya karoungi. Dhaniyavadh

  6. Hinchoo Komal Devi(Jevallee) says:

    Pranaam Guruji! Nibandh vali kaksha ke bare mein meri raay yaha hein ki yadyappi Auditorium ka vatavarun parhayi ke liye anukul nahin tha,tathappi aap ne bari sahajta ke saath hamare sammukh aakar nibandh ki shiksha di. chatron ko nibandh lekhan sikhate samay,mein iska dhyaan zaroor rakhoungi.dhanyavaad.

  7. s.sewpal says:

    नमस्ते गुरुजी,
    निबन्ध की कक्षा काफ़ी रुचिकर रही। हम निबन्ध तो लिखते हैं पर निबन्ध के तत्वों को भूल जाते हैं। निबन्ध की सफलता के लिए तत्वों का समावेश होना ज़रूरी है। हम इसका प्रयोग कर अपने निबन्ध को ज़्यादा प्रभावोत्पादक बना सकते हैं। हमें फिर से याद दिलाने के लिए धन्यवाद।

  8. IndraniDevi Busgeeth says:

    नमस्ते गुरुजी,

    आपकी दूसरी कक्षा में आपने निबंध के तत्वों के बारे में जानकारी दी । सभागार के वातावरण के कारण कक्षा काफ़ी बोझिल लग रही थी । ध्यान देने में कठिनाई हो रही थी फिर भी मैंने ध्यान देने की कोशीश की । निबंध लिखते समय आपके द्वारा बताये गये तत्वों पर ध्यान दूँगी तथा अपने निबंध लेखन को कुशल बनाऊँगी ।

    धन्यवाद

    इन्द्राणी देवी बसगीत

  9. parineeta gungah says:

    namaste guruji class was interesting though we were in auditorium agar aap in between kuch hansi mazaak na karte then God knows what would have happened especially the lights thnks

  10. taranginee d mohit ramphul says:

    namaste guruji,
    apki dousri kaksha bhi kafi rochak aur mazedhar thi……nibhand to hum aksar pehle se likte ah rahe hein lekin hum unn choti choti baton par dhyan nahin dete the…..apne nibhand ke tatwon ke bhare mein humein bataya….aga hum apke tatwon ke bare mein dyan rakkar nibhand likeinge to hum zurroor achi achi nibhand lik sakte hein aur sath hi sath bachchon se bhi likwah sakte hein….

    so will b meeeting in next session wiz more new and helpful ideas …

  11. Mrs Reena Devi Jeebosseea says:

    Namaste Guruji

    Mein Mrs JEEBOSSEEA Reena Devi of Panchvati Riviere Du Rempart(ACE student). I had no internet access and I recently got it.
    Your class about the internet access and the use of shusha and Baraha was very interesting. I don’t know about others but I am very grateful to you as I had no idea about these languages before.
    Dhanyavad guruji.

    Aapki dousri kaksha bhi bahut labhpradh raha. Aap ne nibandh ke bare mein kafi kuch vistar se samjhaya. Hum subah se bhag daur karte thak gaye the. Apki kaksha ki rochakta ne humain sab bhula diya. Aapke diye houe niband samay milte hi bhejoungi. Dhanyavaad.

  12. manoj kashinath says:

    नमस्ते विनय! आप की कक्षा ज्ञानवर्धक रही. निबंध के तत्वों के विषय पर चर्चा करने के साथ-साथ हमारे विचारों एक नयी दिशा देने के लिए धन्यवाद.concerning the question you asked me about if the use of verbs is affected by the genders in bangla. To confirm it, the use of verb in bangla is just like the use of verb in Bhojpuri or even sanskrit, where we use the same verb form for both genders, unlike Hindi. For example ছেলেটা চলতেছে,(छेलेटा चल्तेछे अर्थात लडका चलता है) মেযেটী চলতেছে(मेयेटी चल्तेछे अर्थात लडकी चलती है), just like chhokra chalataa and chhokdi chalataa. Thanks.

  13. Manorma Aubeeluck says:

    Namaste Guruji! Apni doosri kaksha mein aapne baton hi baton mein hamein nibandh tatha nibandh ke tatwon ke bare mein bataya. Nibandh likhte samay main ine tatwon ko dhyan mein rakhoungi. Dhanyavad.

  14. Vandanna Ramma says:

    Ace class 3

    namste guriji
    the prog presented by the students were really interesting.they performed very well.
    keep it up!
    vandanna Ramma

  15. teena caumul says:

    आपकी कक्श रोचक थी.

  16. Sandhya Jhugroo says:

    Hello guruji.

    Your second class was quite interesting despite the fact that being in the auditorium was not suitable. Personally i got to know more about nibandh..however i didnt feel that it would benefit me much in the teaching at primary level.

    Kind regards

    sandhya

  17. Priyasy Jeetoo Bhantooa says:

    नमस्ते गुरुजी
    आप की दूसरी कक्षा में हमें निबन्ध के बारे में लाभदायक जानकारी मिली जिसके माध्यम से हम अपने निबन्ध लेखन विधि में सुधार ला सकते हैं ।

  18. anoupam doobur says:

    नमस्ते गुरुजी,
    आपकी कक्शा मे मै ने सीखा कि निबंध कैसे लिखते है.वैसे प्राथमिक स्तर पर हम बच्चो को निबंध लिखना सिखाते है लेकिन आपकी कक्शा मे बच्चो को सिखाने का सही धंग मैंने सिखा.बहूत धन्यवाद

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s

%d bloggers like this: